भूख

        भूख
भूख है लगी सभी को.
किसी को किसी की ,किसी को किसी की
भूखे को रोटी की ,नंगे को कपडे की
खुले मैं  रहने वालों को छत की
अनपढ़ को शिक्षा की
बेरोज़गारों को रोजग़ार की
भूख है लगी सभी को
किसी को किसी की ,किसी को किसी की
साधु को भक्ति और भगवान की
नेताओं को कुसी की 
अभिनेताओं को नाम की
अमीरों को और पैसों की
भूख है लगी सभी को
किसी को किसी की ,किसी को किसी की
देशभक्तों को देश के सम्मान की
सीमा पर तैनात सिपाही को दुश्मन पर जीत की
शिक्षक को ज्ञान की और 
बुढ़ापे में प्यार और साथ की
भूख है लगी सभी को
किसी को किसी की,किसी को किसी की
सब पूछते है सवाल क्या है अंत इस दौड़ का
मैं कहती हू संतोष और विश्वास  ही अंत है इस होड़ का
भूख है लगी सभी को
किसी को किसी की ,किसी को किसी की


Comments

  1. Ur words truly flow frm ur heart..let not the inborn writer in u die..ma'am..luking forward for more..articles..by u..

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  2. Very good. But the bhookh of hungry poor in India is not a daud. It's a matter of survival. So it cannot be put in the same category as others.

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    1. Ya but answer for that is vishwas of getting food.

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  3. Very good. But the bhookh of hungry poor in India is not a daud. It's a matter of survival. So it cannot be put in the same category as others.

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